May 7, 2021

जो मुल्क आतंकवाद को प्रायोजित करते हैं उन्हें विश्व समुदाय से अलग-थलग करने की मांग की उपराष्ट्रपति श्री एम वेंकैया नायडू ने

जो देश आतंकवाद को प्रायोजित करते हैं उन्हें विश्व समुदाय से अलग-थलग और उनके खिलाफ प्रतिबंध लगाने का आह्वान उपराष्ट्रपति श्री एम वेंकैया नायडू ने किया है

उपराष्ट्रपति ने बढ़ते आतंकवाद के बढ़ते प्रकोप पर अपनी चिंता व्यक्त करते हुए संयुक्त राष्ट्र से विचार-विमर्श पूरा करने और ‘अंतर्राष्ट्रीय आतंकवाद पर व्यापक सम्मेलन’ के भारत के लंबे समय से लंबित प्रस्ताव को अपनाने की अपील भी की।

उपराष्ट्रपति ने कहा कि संयुक्त राष्ट्र में सुधार तथा अधिक समावेशी और न्यायसंगत विश्व व्यवस्था बनाने की आवश्यकता है। उपराष्ट्रपति ने सभी देशों, विशेष रूप से दक्षिण एशिया में, शांति को बढ़ावा देने, गरीबी उन्मूलन, जनता की सामाजिक-आर्थिक स्थितियों में सुधार लाने और आतंकवाद के खतरे का सफाया करने के लिए सभी देशों की आवश्यकता पर जोर दिया।

भारत के पूर्व प्रधानमंत्री श्री लाल बहादुर शास्त्री को उपराष्ट्रपति ने श्रद्धांजलि अर्पित की श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उन्होंने कहा कि कि वह भारत के एक महान पुत्र थे, जो भारत के प्रधान मंत्री के पद के लिए एक विनम्र शुरुआत से उठे और फिर भी उन्होंने अपने स्वभाव में हमेशा सरलता, विनम्रता और मानवीय दृष्टिकोण बनाए रखा।

श्री नायडू ने यह भी कहा कि एक वक्ता के रूप में उनकी असाधारण सफलता के रहस्यों में से एक दूसरे व्यक्ति के दृष्टिकोण को देखने की उनकी क्षमता थी। वह दूसरे व्यक्ति की भावनाओं के लिए अधिकतम तरजीह देने के लिए हमेशा तैयार थे”।
श्री नायडू ने कहा कि यह पूर्व प्रधानमंत्री के हरित क्रांति और श्वेत क्रांति के आवाहन के चलते थे, जिससे किसान खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करने में सक्षम थे और भारत दूध का सबसे बड़ा उत्पादक बन गया था।

उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडू कल लाल बहादुर शास्त्री राष्ट्रीय प्रबंधन संस्थान द्वारा इंफोसिस फाउंडेशन की अध्यक्ष सुधा मूर्ति को लाल बहादुर शास्त्री राष्ट्रीय पुरस्कार से सम्‍मानित करने के लिए आयोजित एक कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि श्रीमती सुधा मूर्ति का सत्कार का उद्देश्य दूसरों को प्रेरित करना भी है।” उन्हें एक रोल मॉडल के रूप में बताते हुए, उपराष्ट्रपति ने महिलाओं को उनके जीवन और शिक्षाओं को पढ़ने और पालन करने के लिए भी कहा।

उपराष्ट्रपति ने विभिन्न क्षेत्रों से अग्रिम पंक्ति के योद्धाओं की प्रशंसा करते हुए कहा, “लॉकडाउन के दौरान प्रतिबंधों के बावजूद हमारे किसानों ने फ्रंटलाइन योद्धाओं के रूप में काम किया और इस अवसर पर पर्याप्त खाद्यान्न का उत्पादन किया। श्री नायडू ने उन सभी योद्धाओं को भी बधाई दी जो इस मुश्किल समय में अपने जीवन पर खतरे की चिंता किए बिना समर्पण के साथ काम कर रहे हैं उनमें डॉक्टर, नर्स, हेल्थकेयर वर्कर, सुरक्षा बल, स्वच्छता कार्यकर्ता और मीडिया कर्मी भी शामिल है